सुप्रीम कोर्ट के शिक्षक भर्ती फैसले पर BJP ने ममता बनर्जी पर साधा निशाना, कहा- पूरी दुनिया देख रही है CM की तानाशाही, वो भी जाएंगी जेल

Last Updated 04 Apr 2025 01:43:10 PM IST

सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने पश्चिम बंगाल सीएम ममता बनर्जी पर निशाना साधा है। बीजेपी ने शुक्रवार को मांग की कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद इस्तीफा दें।


उच्चतम न्यायालय द्वारा पश्चिम बंगाल में करीब 26 हजार शिक्षकों और गैर शिक्षण कर्मचारियों की भर्ती रद्द करने के कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश को बरकरार रखने के फैसले के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शुक्रवार को राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से इस्तीफे की मांग की।

केंद्रीय मंत्री और भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई के अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने दावा किया कि बनर्जी हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला के बाद शिक्षकों की भर्ती मामले में जेल जाने वाली दूसरी मुख्यमंत्री होंगी।

मजूमदार ने कहा कि लगभग 26 हजार भर्ती में से करीब 20 हजार का चयन वास्तव में किया गया, जबकि अन्य को राज्य की सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के नेताओं द्वारा कथित रूप से रचे गए घोटाले से लाभ मिला।

उन्होंने बर्खास्त किए गए योग्य कर्मचारियों को सरकार द्वारा सत्तारूढ़ पार्टी के कोष या मुख्यमंत्री राहत कोष के माध्यम से वेतन का भुगतान किए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि बर्खास्त योग्य कर्मियों और उनके परिवारों को अंधकारमय भविष्य का सामना करना पड़ रहा है।

पार्टी प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा, ‘‘ममता बनर्जी को अब सत्ता में रहने का कोई अधिकार नहीं है। अगर उनमें जरा भी जिम्मेदारी का अहसास बचा है तो उन्हें पद छोड़ देना चाहिए... वह निश्चित रूप से जेल जाएंगी।’’

उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी की सरकार में हो रहे भ्रष्टाचार को सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया ने भी देखा है। उनकी हिटलरशाही किसी से छिपी नहीं है।

दरअसल, पश्चिम बंगाल एसएससी भर्ती घोटाले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले से प्रदेश की ममता सरकार को झटका लगा है। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के फैसले को बरकरार रखा है। साथ ही तीन महीने के अंदर नए सिरे से चयन प्रक्रिया के आदेश भी दिए। सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले को ममता बनर्जी ने मानने से इनकार कर दिया है।

ममता बनर्जी को लेकर भाजपा सांसद संबित पात्रा ने शुक्रवार को कहा, "बंगाल में आज क्या स्थिति है, किसी से छिपी नहीं है। बंगाल में भ्रष्टाचार और 'दीदी' की तानाशाही सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया ने देखी है। हाल ही में ममता बनर्जी ने ऑक्सफोर्ड जाकर दावा किया कि वह एक बाघिन हैं, लेकिन क्या आपने ऐसी बाघिन देखी है जो भ्रष्टाचार में लिप्त है? एक बाघिन कभी अपने बच्चों को नहीं मारती और एक सच्चा नेता भी कभी ऐसा काम नहीं करता जिससे लोगों का जीवन नरक बन जाए। लेकिन, दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि ममता बनर्जी की सरकार में हो रहे भ्रष्टाचार की वजह से लाखों लोगों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।"

संबित पात्रा ने आगे कहा कि कल भारत की सबसे बड़ी अदालत सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल स्कूल भर्ती घोटाले पर अहम फैसला सुनाया। लेकिन, ममता बनर्जी कोर्ट के फैसले को मानने से इनकार कर रही हैं। उन्होंने कहा कि वह मानवीय आधार पर इसे स्वीकार नहीं करेंगी। लेकिन क्या वह मानवीय आधार को समझती भी हैं?

संबित पात्रा ने कहा कि ममता बनर्जी ने खुले तौर पर घोषणा की करते हुए कहा है कि मैं सुप्रीम कोर्ट के फैसले को अस्वीकार करती हूं और आदेश का पालन नहीं करूंगी। क्या कोई मुख्यमंत्री यह कहने की हिम्मत कर सकता है कि वह सुप्रीम कोर्ट के आदेश को स्वीकार नहीं करेगा? यह तानाशाही है। यह हिटलरशाही है। इसलिए बंगाल के लोगों को इस तालिबान जैसी तानाशाही के खिलाफ एकजुट होना चाहिए।

संबित पात्रा ने कहा कि इस मामले पर राहुल गांधी समेत इंडी गठबंधन के नेताओं की चुप्पी पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी पूरी तरह भ्रष्टाचार में डूबी हुई हैं और वह इसके लिए जरूर जेल जाएंगी।

आईएएनएस/भाषा
नई दिल्ली


Post You May Like..!!

Latest News

Entertainment