रखायन प्रांत में आतंकवाद बड़ा खतरा : सू की

रायटर, सिंगापुर

म्यांमार की स्टेट काउंसलर आंग सान सू की ने कहा कि उनके देश के रखायन प्रांत में आतंकवाद का खतरा बना हुआ है, जिसके क्षेत्र में गंभीर नतीजे हो सकते हैं।
सू की ने सिंगापुर में मंगलवार को एक व्याख्यान में कहा कि रखायन प्रांत में आतंकवादी गतिविधियां, जो मानवीय संकट के शुरुआती कारण के रूप में सामने आयीं, वास्तविक होने के साथ ही आज भी बरकरार हैं। इस सुरक्षा चुनौती से जब तक निपटा नहीं जाएगा, तब तक साम्प्रदायिक ¨हसा का खतरा बना रहेगा। यह ऐसा खतरा है, जिसके गंभीर दुष्परिणाम हो सकते हैं जो न केवल म्यांमार बल्कि इस क्षेत्र के अन्य देशों के लिए भी संकट का कारण बनेगा।
नोबेल पुरस्कार से सम्मानित सू की को म्यांमार में लोकतंत्र के लिए संघर्ष करने वाली महिला के रूप में जाना जाता रहा है, लेकिन उत्तरी रखायन प्रांत में रो¨हग्या मुसलमानों पर सैन्य कार्रवाई को लेकर उनकी काफी आलोचना हुई है। उन घटनाओं को संयुक्त राष्ट्र ने ‘समूह विशेष का सफाया’ करार दिया है।
अपने संबोधन में सू की ने कहा कि यह निर्णय बांग्लादेश को करना है कि रो¨हग्या शरणार्थियों की म्यांमार वापसी कितनी जल्दी शुरू होती है। उन्होंने कहा कि म्यांमार रोहिंग्या शरणार्थियों को वापस लेने के लिए 23 जनवरी से तैयार हैं जैसा कि सहमति ज्ञापन पर सहमति बनी थी।