युवा ओलंपिक: मिजोरम के भारोत्तोलक ने भारत को दिलाया पहला 'गोल्ड'

भाषा, ब्यूनस आयर्स

भारोत्तोलक जेरेमी लालरिनुंगा ने युवा ओलंपिक में भारत को पहला स्वर्ण पदक दिलाते हुए भारत को 62 किलो वर्ग में पहला स्वर्ण पदक दिलाया।
         
आइजोल के 15 वर्षीय जेरेमी ने 274 किलो (124 और 150) किलो वजन उठाया। उसने विश्व युवा चैम्पियनशिप में भी रजत पदक जीता था।          

रजत पदक तुर्की के तोपटास कानेर ने 263 किलो वजन उठाकर जीता। कोलंबिया के विलार एस्टिवन जोस को कांस्य पदक मिला। जेरेमी ने एशियाई चैम्पियनशिप में रजत (युवा) और कांस्य (जूनियर) पदक जीता था।      

इस पदक के बाद भारत का युवा ओलंपिक में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन तय हो गया। भारत चार पदक पहले ही जीत चुका है। तुषार माने और मेहुली घोष ने 10 मीटर एयर राइफल में रजत पदक जीता जबकि जूडो में टी तबाबी देवी ने 44 किलो वर्ग में दूसरे स्थान पर रहकर भारत को पहला पदक दिलाया।          

भारत नपे 2014 में नानजिंग युवा ओलंपिक में एक रजत और एक कांस्य पदक जीता था जबकि 2010 में सिंगापुर में छह रजत और दो कांस्य पदक जीते थे।           

भारोत्तोलक स्नेहा सोरेन महिलाओं के 48 किलो वर्ग में पांचवें स्थान पर रही। तैराकी में श्रीहरि नटराज 100 मीटर बैकस्ट्रोक के फाइनल में छठे स्थान पर रहे।      

टेबल टेनिस में अर्चना कामथ और मानव ठक्कर ने अपने अपने लीग मैच जीते। कामथ ने मलेशिया के जीवन चूंग को 4.2 से और ठक्कर ने स्लोवाकिया की अलेक्जेंद्रा वोक को 4.1 से हराया।           

भारतीय हाकी टीम ने आस्ट्रिया को 9.1 से शिकस्त दी। बैडमिंटन में लक्ष्य सेन ने पहले मैच में उक्रेन के डेनिलो बोस्नियुक को 23.21, 21.8 से हराया।