मोदी को गले लगाना कुछ कांग्रेसियों को अच्छा नहीं लगा

एजेंसियां, हैम्बर्ग

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि संसद में जब उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को गले लगाया था तो उनकी ही पार्टी के कुछ सदस्यों को यह पसंद नहीं आया था।

जर्मनी के हैम्बर्ग में अपने संबोधन में गांधी ने यह भी कहा कि भारत में नौकरी की बड़ी समस्या है, लेकिन प्रधानमंत्री इसे नहीं देखना चाहते हैं। उन्होंने कहा, समस्या का समाधान करने के लिए आपको उसे स्वीकार करना होगा। गांधी ने भारत और पिछले 70 वर्षों में उसकी प्रगति के बारे में भी बोला।

संसद में पिछले महीने मोदी सरकार पर तीखे हमले करने के बाद प्रधानमंत्री को गले लगाने के वाकये का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा, जब संसद में मैंने प्रधनमंत्री मोदी को गले लगाया तो मेरी पार्टी के भीतर कुछ लोगों को यह पसंद नहीं आया।

गांधी ने अपने दिवंगत पिता पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के हत्यारों के बारे में भी बोला। उन्होंने कहा, जब मैंने श्रीलंका में अपने पिता के हत्यारे को मृत पड़ा देखा तो मुझे अच्छा नहीं लगा। मैंने उसमें उसके रोते हुए बच्चों को देखा। लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (लिट्टे) प्रमुख वी प्रभाकरण राजीव गांधी की हत्या के लिए जिम्मेदार था। उसे श्रीलंकाई सैनिकों ने 2009 में मार गिराया था।

ब्रिटेन और जर्मनी की चार दिवसीय यात्रा पर बुधवार को हेम्बर्ग पहुंचे कांग्रेस अध्यक्ष ने राज्यमंत्री और सांसद नील्स एन्नेन से भेंट की। गांधी तथा एन्नेस ने भारतीय और जर्मन राजनीति, केरल की विनाशकारी बाढ़, जीएसटी एवं नौकरियों के बारे में बातचीत की। गांधी के दोनों ही देशों में प्रवासी भारतीयों और विदेशी गण्यमान्य व्यक्तियों से भेंटवार्ता करने की संभावना है।

सूत्रों ने बताया, वह जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल से भेंटवार्ता कर सकते हैं। जर्मनी में वह हेम्बर्ग और बर्लिन में दो सभाओं को संबोधित करेंगे। गांधी हेम्बर्ग में बकिरस समर स्कूल के कैंपनजेल थियेर में भाषण देंगे।