महिला हॉकी विश्व कप : इटली को 3-0 से हरा भारत क्वार्टर फाइनल में

आईएएनएस, लंदन

वंदना कटारिया के दो और लालरेमसियामी के एक गोल के दम पर भारत ने मंगलवार को महिला हॉकी विश्व कप के प्लेऑफ मुकाबले में इटली को 3-0 से मात देकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली।

भारतीय टीम पूल-बी में तीसरे स्थान पर रहकर प्लेऑफ में आई थी और इस मैच में हार उसे विश्व कप से बाहर कर सकती थी। अब गुरुवार को क्वार्टर फाइनल में भारत का सामना अपने ही पूल-बी की टीम आयरलैंड से होगा।

भारतीय महिलाओं के पास हालांकि इस मैच में अपने गोलों की संख्या बढ़ाने के कई मौके थे, लेकिन फिनिशिंग में कमी के कारण टीम ऐसा नहीं कर पाई। इस मैच में भारत को कुल छह पेनाल्टी कॉर्नर मिले जिसमें से वो दो को गोल में बदल सकी।

शुरुआत दोनों टीमों ने अच्छी की। दोनों टीमें शुरुआती पलों में किसी तरह की जल्दबाजी नहीं करना चाहती थीं। भारतीय महिलाओं ने धीरे-धीरे लय पकड़ी और मौके बनाने की कोशिशें की। नौवें मिनट में भारतीय महिलाओं ने इटली के बॉक्स में प्रवेश कर पेनाल्टी कॉर्नर हासिल किया जिस पर वो गोल नहीं कर पाई।

भारत को तुरंत कॉर्नर मिला और लिलिमा मिज की सहायता से लालरेमसियामी ने गोल कर दिया। गुरजीत से गेंद मिंज के पास आई जिन्होंने लालरेमसियामी के पास उसे पहुंचा दिया। मणिपुर की इस खिलाड़ी ने गेंद को नेट में डालने में कोई गलती नहीं की।

भारती महिलाएं यहां से हावी हो गई थीं और मौके बना रही थीं, लेकिन मिडफील्ड और आक्रमण पंक्ति में तालमेल की कमी के कारण मौके अंजाम तक नहीं पहुंचे।

दूसरे क्वार्टर में भारती टीम और हावी हो गई थी। 19वें मिनट में उसने अपनी बढ़त को दो गुना कर लिया होता लेकिन बिल्कुल अकेली खड़ीं उदिता गेंद को अपने काबू में नहीं ले पाई और इटली की गोलकीपर चिरिको मार्टिना ने असानी से गेंद को क्लीयर कर दिया। आखिरी दो मिनट इटली के नाम रहे हालांकि सफलता उसे भी नहीं मिली।

तीसरे क्वार्टर में इटली हावी थी। वो आक्रामक खेल खेल रही थी। इस बीच भारत की नवनीत कौर को लगातार दो मौके पर और वो दोनों मौकों पर गेंद गोल के सामने से बाहर खेल बैठीं। दूसरे मौके पर भारतीय कप्तान रानी ने वीडियो रैफरल लिया और भारत को 35वें मिनट में पेनाल्टी कॉर्नर मिला जो जाया चला गया। भारत को 41वें और 45वें मिनट में दो पेनाल्टी कॉर्नर मिले। पहला पेनाल्टी कॉर्नर बेकार हो गया। 45वें मिनट में मिले पेनाल्टी कॉर्नर को इटली की गोलकीपर ने रोक ही लिया था, लेकिन वंदना ने उनके पाले से गेंद को छीन नेट में डाल भारत को 2-0 से आगे कर दिया।

चौथे क्वार्टर इटली के लिए मैच में वापसी का आखिरी रास्ता था। किस्मत ने भी उसका साथ दिया और इटली को पहला पेनाल्टी कॉनर्र जिसे भारतीय गोलकीपर साविता ने नकार दिया। भारतीय टीम रुकी नहीं थी और वो इटली को रोकने के लिए आक्रामक रुख अपना चुकी थी। 'अटैक इज द वेस्ट वे ऑफ डिफेंस' की उसकी रणनीति ने इटली को तमाम कोशिशों के बाद भी हावी नहीं होने दिया। इसी बीच 55वें मिनट में भारत को लगातार दो पेनाल्टी कॉर्नर मिले जिसमें से वंदना ने दूसरे पर गोल कर भारत को 3-0 आगे कर उसकी जीत पक्की करते हुए इटली का सफर खत्म कर दिया।