देश में अवैध आव्रजन को रोकने के लिए मैक्सिको सीमा पर सेना भेजेंगे ट्रंप

एजेंसियां, वाशिंगटन

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने देश में अवैध आव्रजन को रोकने के लिए मैक्सिको सीमा पर नेशनल गार्ड की तैनाती के लिए बृहस्पतिवार को एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किया। उन्होंने कहा, स्थिति ‘संकट के कगार’ पर पहुंच गई है।

गौरतलब है कि अमेरिका- मैक्सिको सीमा पर दीवार निर्माण होने तक ट्रंप ने वहां नेशनल गार्ड तैनात करने का प्रस्ताव रखा था, जिसके एक दिन बाद उन्होंने इसके कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किया। व्हाइट हाउस ने कहा, कमियों को दूर करने के लिये कांग्रेस द्वारा जरूरी कदम उठाए जाने तक  राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीमाओं को सुरक्षित करने के महत्व को देखते हुए,  नेशनल गार्ड गवर्नरों के साथ समन्वय में सहायक की भूमिका निभाएंगे।

ट्रंप ने रक्षा मंत्री,  अटॉर्नी जनरल और होमलैंड सिक्योरिटी सेक्रेटरी को भेजे अपने ज्ञापन में लिखा, सीमा पर स्थिति संकट के बिंदु तक पहुंच गई है। दक्षिणी सीमा पर मौजूद अराजकता की स्थिति मूल रूप सेहमारी  सुरक्षा, रक्षा और अमेरिकी लोगों की संप्रभुता के साथ असंगत है। मेरे प्रशासन के पास कार्रवाई करने के अलावा कोई और रास्ता नहीं है।

व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान ‘होमलैंड सिक्योरिटी सेक्रेटरी’ क्रिस्टीन मिशेल नीलसन ने कहा, खतरा वास्तविक है। उन्होंने कहा, सीमा पार से लगातार अवैध नशीले पदाथरें की तस्करी,  खतरनाक गिरोहों एवं अंतरराष्ट्रीय अपराधिक संगठनों की गतिविधियां और अवैध आव्रजन बड़े पैमाने पर हो रहा है। क्रिस्टीन ने कहा, यह केवल अमेरिकी समुदाय और बच्चों के लिए नहीं बल्कि कानून के नियमों के लिए भी खतरा है जिसके तहत हमारे देश की स्थापना की गई है।

मैक्सिको सीनेट में ट्रंप की निंदा : मैक्सिको सीनेट ने अवैध प्रवासियों को रोकने के लिए अमेरिकी-मैक्सिको सीमा का सैन्यीकरण करने की पहल को अस्वीकार कर दिया है। समाचार एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को 3,200 किलोमीटर की सीमा पर गश्त लगाने के लिए नेशनल गार्ड की तत्काल तैनाती की उद्घोषणा पर हस्ताक्षर किए, जिसके बाद मैक्सिको की यह प्रतिक्रिया आई है। मैक्सिको के सांसदों ने गृह मंत्रालय को सौंपे एक पत्र में कहा, क्षेत्र में नेशनल गार्ड और सैनिकों की तैनाती मेक्सिकी समुदाय के खिलाफ ‘एक और गलत’ कदम होगा।