झारखंड: चतरा में दुष्कर्म के बाद नाबालिग लड़की को जिंदा जलाया, 14 गिरफ्तार

भाषा, रांची

राजधानी रांची से लगभग डेढ़ सौ किलोमीटर दूर चतरा जिले के इटखोरी के राजाकेंदुआ गांव में दुष्कर्म के बाद एक किशोरी को जिंदा जला दिया गया। इस मामले में  पुलिस ने 14 लोगों को गिरफ्तार किया है।          
पुलिस ने बताया कि घटना में बुरी तरह से झुलसी लड़की को डॉक्टरों ने कल अस्पताल में मृत घोषित कर दिया।          

चतरा के उपायुक्त जितेंद्र कुमार सिंह ने कहा, ‘‘घटना में शामिल 14 लोगों को बीती रात से अब तक गिरफ्तार किया जा चुका है।’’ उन्होंने बताया कि मुख्य आरोपी धानु भुइयां सहित छह अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए अभियान छेड़ा गया है जिन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

सिंह ने कहा कि मामले की जांच के लिए एक पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (एसआईटी) गठित की गई है।         

झारखंड के मुख्यमंत्री रघुबर दास ने घटना की कड़ी निन्दा की है। दास ने एक बयान में कहा कि वह इस जघन्य घटना से हैरत में हैं और इस तरह के वीभत्स कृत्यों के लिए समाज में कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आदेश दिए कि घटना में शामिल लोगों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

 

चतरा के उप कलेक्टर अनवर हुसैन ने बताया कि पीड़िता के परिवार को तत्काल एक लाख रुपये की सहायता राशि दी गई है।      

घटना शुक्रवार को दिन में करीब 11 बजे हुई। आरोप है कि आरोपी परिवार ने पीड़िता के परिजनों को पंचायत के माध्यम से पचास हजार रुपये देकर मामले को रफा दफा करने की कोशिश की लेकिन जब वह नहीं माने तो आरोपी परिवार ने किशोरी के पिता को भरी पंचायत में पीटा और फिर पीड़िता के घर में घुसकर उसे जिंदा जला दिया।     

पुलिस ने अधजला शव बरामद कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। आरोपी परिवार गांव से फरार है। थाने में मृतका के पिता के बयान के आधार पर कई लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है।
    
किशोरी के पिता के अनुसार, कोनी पंचायत के राजाकेंदुआ में गुरुवार रात गांव का ही एक व्यक्ति धनु भुईयां उसकी बेटी को बहला-फुसला कर बाइक से कहीं ले गया। किशोरी ने अपने परिजनों को बताया कि धनु भुइयां ने उसके साथ दुष्कर्म किया है। इसकी शिकायत परिजनों ने पंचायत में की। शुक्रवार सुबह पंचायत बैठी। उसमें मुखिया तिलेरी देवी भी मौजूद थीं जिन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।     
 
पुलिस अधीक्षक अखिलेश वी वारियर और डीएसपी पीतांबर सिंह खैरवार ने शाम को घटनास्थल का मुआयना किया और लड़की के परिजनों से जानकारी ली।  उन्होंने आरोपियों के घर की तलाशी भी ली।     
    
इस मामले में धनु भुइयां समेत एक दर्जन लोगों के खिलाफ थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है।