गरीबों को दाल पर मिलेगी Rs15 प्रति किलो की छूट

भाषा, नई दिल्ली

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राज्य सरकारों को कल्याणकारी योजनाओं के लिए करीब 35 लाख टन दलहन थोक बाजार मूल्य से 15 रुपए प्रति किलो सस्ती दरों पर जारी करने का फैसला किया।
इसके तहत राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को, ‘पहले आओ- पहले पाओ’ आधार पर थोक बाजार मूल्य पर 15 रुपए प्रति किलो की छूट के साथ, 34.88 लाख टन तुअर, चना, मसूर, मूंग और उड़द जारी करने की पेशकश की जाएगी। यह निर्णय एक बार के लिए है जो 12 महीने के लिए है पर यदि 34.88 लाख टन का स्टाक इससे पहले खत्म हो जाता है तो योजना वहीं खत्म कर दी जाएगी। कानून और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मंत्रिमंडल की बैठक के बाद कहा, ‘सरकार इस योजना के कार्यान्वयन के लिए 5,237 करोड़ रुपए खर्च करेगी।’
एक सरकारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि यह फैसला राज्यों / केंद्रशासित प्रदेशों को गोदामों के लिए दाल उपलब्ध कराने के अलावा विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं में दालों का उपयोग करने में सक्षम बनायेगा। राज्य / केंद्रशासित प्रदेश अपनी विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं / कार्यक्रमों जैसे कि मध्यान्ह भोजन (मिड डे मील), सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) और एकीकृत बाल विकास कार्यक्रम (आईसीडीपी) में दालों का उपयोग करेंगे। देश में पिछले दो वर्षों से दालहनों के उत्पादन के नए रिकार्ड बन रहे हैं।
मूल्य समर्थन योजना के तहत केंद्र ने खरीफ 2017 और रबी 2018 विपणन सत्र के दौरान दालों की रिकार्ड खरीदारी की है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि मूल्य समर्थन योजना के तहत 45.43 लाख टन दालों की रिकार्ड खरीद की गई है। इसमें कहा गया है कि आने वाले खरीफ सत्र में, दालों का उत्पादन बेहतर होने की उम्मीद है।