किसानों का बकाया चुकाने को Rs5.5 प्रति क्विंटल सब्सिडी

सहारा न्यूज ब्यूरो, नई दिल्ली

सरकार ने गन्ना किसानों के लिए 5.5 रुपए प्रति क्विंटल की उत्पादन सब्सिडी देने को मंजूरी दी। इसका मकसद नकदी समस्या से जूझ रही मिलों को गन्ना बकाए के भुगतान में मदद करना है। रिकार्ड उत्पादन के कारण चीनी के दाम में गिरावट के कारण गन्ना किसानों का बकाया बढ़कर करीब 20,000 करोड़ रुपए पर पहुंच गया है।

मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति ने गन्ना किसानों के लिए 55 रुपए प्रति टन (5.5 रुपए प्रति क्विंटल) उत्पादन संबद्ध सब्सिडी देने को मंजूरी दी है। सरकार ने यह फैसला ऐसे समय किया है जब कर्नाटक में 12 मई को चुनाव होने हैं। कर्नाटक प्रमुख गन्ना उत्पादक राज्य है। उद्योग संगठन इस्मा के महानिदेशक अविनाश वर्मा ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि चीनी उद्योग को चीनी मिल गेट भाव में गिरावट के कारण भारी नुकसान का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा कि सब्सिडी राशि 1500 से 1600 करोड़ रुपए हो सकती है।

यह मिलों द्वारा विपणन वर्ष 2017-18 (अक्टूबर-सितम्बर) में गन्ने की पेराई पर आधारित होगी। इस्मा के अनुसार देश में गन्ने का उत्पादन बढ़ने से चीनी उत्पादन 15 अप्रैल तक बढ़कर 2.99 करोड़ टन तक पहुंच गया। इसके कारण किसानों के गन्ने का बकाया 20,000 करोड़ रुपए से ऊपर पहुंच गया। देश में चीनी की सालाना मांग 2.5 करोड़ टन तक आंकी गई है। इससे पहले 2016-17 में चीनी का उत्पादन 2.03 करोड़ टन रहा था। घरेलू स्तर पर चीनी के बढ़ते उत्पादन और गिरते दाम को देखते हुए केंद्र सरकार ने चीनी आयात पर शुल्क को पहले ही बढ़ाकर 100 फीसद कर दिया जबकि निर्यात पर शुल्क को पूरी तरह समाप्त कर दिया।

दिल्ली के नजफगढ़ में बनेगा 100 बिस्तरों वाला अस्पताल : केन्द्र सरकार ने दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली के नजफगढ़ में सौ बिस्तरों वाला एक अस्पताल बनाने का फैसला किया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आज यहां हुई केन्द्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गयी। इस अस्पताल के निर्माण में 95 करोड़ रुपए की लागत आएगी। केन्द्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने यहां संवाददाताओं को मंत्रिमंडल के फैसलों के बारे में बताया कि दिल्ली के इस हिस्से में 73 गांव आते हैं और कुल आबादी करीब 13.65 लाख है। उनके लिए अभी तक कोई अस्पताल नहीं था।

लखनऊ, चेन्नई व गुवाहाटी एयरपोर्ट पर नए टर्मिनल बनेंगे: सरकार ने विमानन ढांचागत सुविधा को बेहतर बनाने के लिए बुधवार को महत्वपूर्ण कदम उठाया। इसके तहत चेन्नई, गुवाहाटी और लखनऊ हवाईअड्डों के विस्तार एवं उन्न्यन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। इन पर कुल लगभग 5,000 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है। मंत्रिमंडल  की आज यहां हुई बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। नागर विमानन मंत्री सुरेश प्रभु ने आज कहा कि चेन्नई हवाई अड्डे पर एकीकृत टर्मिनल के विस्तार और उन्नयन की मंजूरी दी गई है। इस पर 2467 करोड़ रुपए का खर्च अनुमानित है।